Irade Hon To Aise   by N. Raghuraman

गर लक्ष्य निर्धारित हों, दृढ़ इच्छाशक्ति हो, सोच स्पष्ट हो तो कम संख्या के लोग भी बदलाव ला सकते हैं, किसी की जिंदगी बदल सकते हैं, भविष्य को सुधार सकते हैं। अगर आप उद्यमी हैं तो आपमें यह दृष्टि होनी चाहिए कि आपका आइडिया किस तरह की शक्ल अख्तियार करेगा, कैसे नतीजे देगा?
विभिन्न प्रकार की समस्याओं और अक्षमताओं वाले विशिष्ट बच्चों में भी दुनिया जीतने की क्षमता होती है। दुनिया उनके लिए भी सुखद होती है, लेकिन उनकी क्षमताओं को आगे बढ़ाना चाहिए कि उनके साथ बुरा बरताव करना चाहिए। किसी भी बीमारी से लड़ने के लिए मजबूत इच्छाशक्ति का होना सबसे ज्यादा जरूरी है। दवा तो सिर्फ शरीर को बीमारी से लड़ने में मदद करती है। मन मजूबत होगा तो आप बीमारी से सीधे टक्कर ले पाएँगे और उसे हरा पाएँगे।
अगर आपका इरादा पक्का है तो आप अनजान जगहों पर भी सफल हो सकते हैं। अपने हुनर का जादू दिखा सकते हैं। अगर आप किसी घटनाक्रम से परेशान हैं। कहीं आपको दरकिनार किए जाने का एहसास हो रहा है तो विरोध करने से बेहतर है कि आप ज्ञान हासिल कीजिए, जानकारियाँ जुटाइए, फिर मोरचा खोलिए। जीत आपकी होगी।

Publication LanguageHindi
Publication Access TypeFreemium
Publication AuthorN. Raghuraman
PublisherPrabhat Prakashana
Publication Year2015
Publication TypeeBooks
ISBN/ISSN9789351863168′
Publication CategoryPremium Books

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