Dawamukt Chikitsa by Muni Kishan Lal Ji

स्वास्थ्य मानव जीवन की मूलभूत आवश्यकता है। स्वस्थ व्यक्ति ही अपने जीवन को व्यवस्थित रख सकता है। प्रत्येक व्यक्ति की स्वस्थ रहने की इच्छा होती है। इसके लिए पुरुषार्थ करने तथा प्रयोग करते रहने की नितांत आवश्यकता होती है। वर्तमान के इस व्यस्त जीवन में स्वस्थ व्यक्ति ही सफलता की मंजिल प्रा?त कर सकता है। व्यक्ति के लिए स्वस्थ रहने के लिए ध्यान, साधना, आसन एवं प्राणायाम करना आवश्यक होता है। इनके माध्यम से व्रत अपने जीवन में गुणात्मक परिवर्तन कर सकता है। व्यक्ति अपने जीवन में उत्साह, उल्लास, प्रसन्नता तथा आनंद की अनुभूति कर सकता है। मुद्रा हमारे मनोभावों को विकसित करती है। इसके लिए श्वास के सही प्रयोग का प्रशिक्षण प्रा?त करना आवश्यक है। इसके द्वारा ही जीवन में सकारात्मक चिंतन का विकास किया जा सकता है। यह चिंतन मानव जीवन की सफलता तथा सार्थकता के लिए परमावश्यक होता है। स्वास्थ्यप्रेम पाठकों के लिए पठनीय एवं बेहद उपयोगी पुस्तक।

Publication Language

Hindi

Publication Access Type

Freemium

Publication Author

MUNI KISHAN LAL JI

Publisher

Prabhat Prakashana

Publication Year

2015

Publication Type

eBooks

ISBN/ISSN

9789351865001'

Publication Category

Premium Books

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