Khudgarziyan Poems by Vaishali

वैशाली, इनकी अलमारी में अंग्रेज़ी साहित्य और मास कम्यूनिकेशन की दो—दो स्नातकोत्तर उपाध्यि इठला रही थीं, तभी ढेर सारे आलेखनों और कविताओं के पन्नों ने इन्हें झुके रहना सिखाया…

पिछले एक दशक से कॉपी राइटिंग क्षेत्र में सक्रिय हैं, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के लिए कई सारे चुनावी और अन्य प्रचार अभियान भी लिख चुकी हैं…
विषय कोई भी हो, उसमें जान डालने की कला को इन्होंने वक्त के साथ निखारा…
प्रखर राष्ट्रवादी विचारधारा रखती हैं ये, और राष्ट्रवाद पर कई गाने और टीवी व सोशल मीडिया की फिलमे भी लिख चुकी हैं…
और हर सृजन ने इन्हें देशभक्ति का एक नया मतलब समझाया…
मघ्यमवर्गीय गुजराती परिवार में इनका जन्म हुआ…
कर्म ही र्घम इनके जीवन का मूल—मंत्र है…
इसी मंत्र ने उनको एक छोटे से शहर से राष्ट्रीय स्तर पर पहुँचाया…
कविता लिखने की इनकी शैली मे सरलता है। हल्के—फल्के शब्दों के प्रयोग से ये अपनी बात ईमानदारी स कह जाती हैं। यही सरलता और सहजता से आगे भी लिखते रहना है, और भी बहुत कुछ सीखते रहना है…
जय हिंद…

संपर्क : shahavaishali85@gmail.com

Publication LanguageHindi
Publication Access TypeFreemium
Publication AuthorVAISHALI
PublisherPrabhat Prakashana
Publication Year2021
Publication TypeeBooks
ISBN/ISSN9789353224998′
Publication CategoryPremium Books

Kindly Register and Login to Shri Guru Nanak Dev Digital Library. Only Registered Users can Access the Content of Shri Guru Nanak Dev Digital Library.

SKU: 9789353224998.pdf Categories: , Tags: ,
Reviews (0)

Reviews

There are no reviews yet.

Be the first to review “Khudgarziyan Poems by Vaishali”